
यहां वक्त बिताना मुश्किल है, लेकिन हम एक-दूसरे की हिम्मत बांधे हुए हैं। कभी ठंड लगती है तो सिमटकर बैठ जाते हैं। हालात कठिन हैं, लेकिन उम्मीद है घर लौटकर जरूर आऊंगा। यह मजमून लिखा था थाईलैंड की थैम लुआंग गुफा में 14 दिन से फंसे एक बच्चे ने उस चिट्ठी में, जो उसने गोताखोरों के माध्यम से अपने घरवालों तक भेजी।
आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
from दैनिक भास्कर https://ift.tt/2NxZlE7
via
IFTTT
No comments:
Post a Comment